महाशिवरात्रि महोत्सव पर महाकाल शयन आरती भक्त मंडल का महाप्रसादी रिसेप्शन अदभुत आयोजन

श्री महाकाल शयन आरती भक्त परिवार , महाकाल नियमित दर्शन भक्त मंडल उज्जयिनी व अन्य देश विदेश के महाकाल भक्तों द्वारा महाशिवरात्रि जो कि महादेव का विवाह उत्सव है से अगले प्रदोष शिवरात्रि पर प्रतिवर्ष पुनः विवाह के संस्कार परंपराओं, रस्मो जैसे श्रीगणेश पूजा, षोडश मातृका पूजा, नवग्रह शांति, हल्दी मेहंदी, संगीत, शिव बारात, भूत प्रेत मंडली का नृत्य तथा सबसे अद्भुत रिसेप्शन, सतत प्रसादी महाभोज का आयोजन होता है,
जिसमे आम क्या, ख़ास क्या सब बाबा की कृपा प्रसादी प्राप्त करने हेतु टूट पड़ते है, इसकी भव्यता दिव्यता और व्यापकता देखते ही बनती है,
जहाँ एक और छोटी मोटी भीड़ में अफरातफरी मच जाती है, वही बाबा के आयोजन में हजारों नही अनगिनत भक्त प्रजा यहाँ तक कि नगर भक्तो का  सैलाब सा टूट पड़ता है, किंतु किसी से न सम्हलने और न सम्हालने पर भी सबकुछ अंतोतगत्वा व्यवस्थित बना रहता,
भले ही सभी विभिन्न व्यंजन सबको न मिले पर जो प्रसादी जिसको मिल जाती है वह उसी से तृप्त हो धन्य धन्य हो उठता है,इस अप्रतिम आनंदमय उत्सव की व्यवस्था में तमाम अवरोधों के पश्चात्  भी प्राण पन से जुटे  महेंद्र  कटियार , पंडित रमण गुरु, राजेश अग्रवाल के संयोजन में  सभी समर्पित मित्रो साथियो महाकाल भक्तों का अभिनंदन, उन्हें प्रणाम,
वृहद आयोजन के प्रकल्प भी बनते जा रहे, दीपक मित्तल जी के संयोजन में एक कार्यक्रम पूर्व में होने लगा वो भी भारी सफल रहा है,
इस वर्ष से युवा शयन भक्त मंडल ने भी अरुण जैन और पूरी मंडली के संयोजन में पास में ही विशाल और व्यवस्थित बफेट आयोजन किया, उसमें भी भारी भीड़ टूट पड़ी , टीम विभाजित होने से मुख्य कार्यक्रम में पुरानी मंडली का अभाव रहा, अब जो है सो है, बाबा ही जाने
ऐसा लगा कि बाबा ने दो आयोजन कराए ताकि जनसैलाब कुछ समय के लिए ही कुछ थम जाए, भारी भीड़ से अव्यवस्था के हालात ऐसे होते है कि कई बार अनेको गणमान्य को ही संघर्ष कर घुसना पड़ता है, महत्व के अतिथि ही प्रवेश नही प्राप्त कर पाते,
सभी सम्मिलित हतप्रभ देखते है कि जो कुछ भी घटित हो रहा होता है, बाबा की मौज के लय के अंतर्गत अनुरूप , नियंत्रण में होता है, बाबा के सभी भक्त उत्सव प्रिय है, सम विषम  सभी स्थितियों में आनंद मनाते है,सभी को सफल उत्सव आयोजन की हार्दिक हार्दिक बधाई
अभिनंदन
जय श्री महाकाल